सूरजपुर डबल मर्डर केस: प्रभारी प्रधानपाठिका और बेटे की हत्या का सनसनीखेज मामला : मृत शिक्षिका के स्कूल की सहकर्मी का पति ही निकला कातिल..

सूरजपुर । विश्रामपुर के ममता कॉलोनी (केशवनगर) में रहने वाली प्रभारी प्रधानपाठिका और उनके स्कूली छात्र बेटे की सनसनीखेज हत्या की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। अंधे कत्ल की इस गुत्थी को सुलझाने के लिए गठित की गई विशेष जांच टीम को उस वक्त बड़ी कामयाबी मिली, जब तकनीकी कड़ियों और संदेही की गतिविधियों को जोड़कर असली कातिल की पहचान की गई। मामले में चौंकाने वाला मोड़ तब आया जब पकड़ा गया संदेही कोई अजनबी नहीं, बल्कि मृतिका के ही शासकीय स्कूल में पदस्थ एक सहकर्मी शिक्षिका का पति निकला। पुलिस ने उसे दूसरे राज्य से हिरासत में लिया है।
जांच से यह साफ हुआ है कि आरोपी ने इस दोहरे हत्याकांड की बेहद सोची-समझी योजना बनाई थी। वह सबसे पहले मृतिका के बेटे सुजल बरेठ (18 वर्ष) को बहला-फुसलाकर अपनी गाड़ी में बैठाकर जयनगर इलाके के महावीरपुर की तरफ ले गया। वहां नेशनल हाईवे-43 के पास एक सुनसान ग्रामीण सड़क पर उसने किशोर पर जानलेवा हमला कर उसे मौत की नींद सुला दिया और लाश वहीं फेंक दी। इस वारदात को अंजाम देने के तुरंत बाद वह वापस केशवनगर स्थित किराए के मकान में पहुंचा और घर पर अकेली मौजूद शिक्षिका रजनी बरेठ (40 वर्ष) की भी निर्ममता से हत्या कर दी।
साक्ष्यों को छुपाने की गरज से आरोपी ने महिला के शव को घर के भीतर स्थित बाथरूम में बंद कर दिया था। इसके बाद वह घर के मुख्य दरवाजे पर ताला जड़कर फरार हो गया। आरोपी अपने साथ शिक्षिका के घर से कुछ आभूषण, मोबाइल फोन और अन्य सामान भी बटोर ले गया था, जिसे पुलिस ने बाद में उसके अंबिकापुर स्थित ठिकाने से बरामद कर लिया है।
लावारिस स्कूटी और ताले ने खोला राज
इस पूरी खौफनाक वारदात का पर्दाफाश 10 अक्टूबर को तब शुरू हुआ जब ग्रामीणों ने महावीरपुर सड़क किनारे छात्र का शव देखा। तफ्तीश के दौरान पुलिस को छात्र की स्कूटी घर से करीब आधा किलोमीटर दूर एक पेट्रोल पंप पर लावारिस खड़ी मिली। जब पुलिस कड़ियों को जोड़ते हुए बिश्रामपुर स्थित उसके मकान पर पहुंची तो वहां ताला लगा हुआ था। परिजनों को बुलाकर जब पुलिस ने भीतर प्रवेश किया, तो बाथरूम से मां की लाश मिलते ही सनसनी फैल गई।
तकनीकी साक्ष्यों से पकड़ा गया भगोड़ा आरोपी
वारदात के बाद आरोपी छत्तीसगढ़ की सीमा लांघकर दूसरे राज्य में छिप गया था। अंधे कत्ल के इस मामले को सुलझाने के लिए सूरजपुर एसपी के निर्देश पर स्थानीय पुलिस और अंबिकापुर साइबर सेल की संयुक्त टीम मुस्तैद की गई थी। टीम ने घटना के आसपास के इलाकों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले और संदिग्धों के मोबाइल नंबरों की लोकेशन ट्रैक की। तकनीकी विश्लेषण में मृतिका के ही स्कूल की एक महिला टीचर के पति की संदेहास्पद भूमिका उजागर हुई। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को दूसरे राज्य से गिरफ्तार किया और घटना के सही घटनाक्रम को समझने के लिए उससे क्राइम सीन का रिक्रिएशन भी कराया है।





