आर्म्स एक्ट के मामले में एक घंटे के भीतर आरोपी गिरफ्तार, स्कूटी टकराने के विवाद में चाकू से किया गया था हमला

अंबिकापुर। गांधीनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत एक मामूली सी बात पर विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने युवक पर जानलेवा हमला कर दिया। इस मामले में पुलिस ने त्वरित और सख्त कार्रवाई करते हुए आर्म्स एक्ट के आरोपी को घटना के महज एक घंटे के भीतर धर दबोचा है।
पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार आकाश गोयल, जो कि रॉयल पार्क कॉलोनी, किसान राईस मिल रोड, थाना गांधीनगर के निवासी हैं, ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि दिनांक 09/09/2026 को दोपहर करीब 01:00 बजे वे अपनी स्कूटी से अपनी दुकान जा रहे थे। जब वे रॉयल पार्क मोड़ के पास पहुंचे, तो उनकी स्कूटी से आरोपी आदि अग्रवाल का भांजा हल्का सा टकरा गया। इस घटना के तुरंत बाद बच्चे के परिजन उसे अस्पताल ले गए।
इसी बात को लेकर आदि अग्रवाल अपने साथी वंश पंडित के साथ स्कूटी पर सवार होकर वहां पहुंचा। वंश पंडित के हाथ में चाकू था और आदि अग्रवाल के पास बैट था। मौके पर पहुंचते ही आरोपियों ने प्रार्थी के साथ गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी देते हुए बैट तथा हाथ-मुक्कों से मारपीट शुरू कर दी। इसी दौरान वंश पंडित ने प्रार्थी पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे उनके कूल्हे के पास गंभीर चोटें आईं। आहत प्रार्थी किसी तरह वहां से अपनी जान बचाकर भागने में सफल रहा।
प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना गांधीनगर में तुरंत एक्शन लेते हुए अपराध क्रमांक 564/2026, धारा 296, 351(3), 115(2), 109, 3(5) बी.एन.एस. एवं 25-27 आर्म्स एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई।
मामले की गंभीरता को संज्ञान में लेते हुए डीआईजी एवं एसएसपी सरगुजा श्री राजेश अग्रवाल (भा.पु.से.) ने थाना गांधीनगर पुलिस टीम को त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार करने के कड़े निर्देश दिए थे। पुलिस टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर आरोपियों की तलाश शुरू की। सतत प्रयासों के परिणामस्वरूप पुलिस ने मुख्य आरोपी वंश पंडित को पकड़ लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना नाम वंश कुमार झा उर्फ वंश पंडित, आत्मज राजू झा, उम्र 20 वर्ष, निवासी नमनाकला शनि मंदिर के पास, थाना गांधीनगर बताया। पूछताछ में उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। हालांकि, घटना में प्रयुक्त हथियार (आलाजरब) के बारे में पूछने पर उसने उसे आसपास ही कहीं फेंक देना बताया, जिसकी खोजबीन पुलिस टीम द्वारा की गई, किंतु वह आरोपी द्वारा बताए गए स्थान पर नहीं मिला।
आरोपी के विरुद्ध अपराध प्रमाणित पाए जाने पर उसे गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहाँ से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। इस प्रकरण में शामिल अन्य फरार आरोपी की भी लगातार तलाश जारी है और मामले में अग्रिम विवेचना की जा रही है।
सक्रिय पुलिस टीम
इस संपूर्ण और त्वरित कार्रवाई में थाना प्रभारी गांधीनगर निरीक्षक शशिकान्त सिन्हा, उप निरीक्षक दिलीप दुबे, तथा आरक्षक राहुल सिंह, रमन मण्डल और घनश्याम देवांगन की भूमिका बेहद सक्रिय और सराहनीय रही।





