अंबिकापुरः बबलू मंडल हत्याकांड का 24 घंटे में खुलासा, गाली-गलौज और पीछा करने से नाराज एक महिला समेत 3 आरोपियों ने की थी हत्या…

अंबिकापुर । सरगुजा जिले के गांधीनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत डेयरी फार्म रोड पर शनिवार सुबह हुई युवक की नृशंस हत्या के मामले को पुलिस ने सुलझा लिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के दिशा-निर्देशन में गांधीनगर पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए एक महिला सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने आपसी विवाद और गाली-गलौज से आक्रोशित होकर इस वारदात को अंजाम दिया था।
10 जनवरी 2026 की सुबह अंकिता एग सेंटर के पास सड़क पर एक युवक का लहूलुहान शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई थी। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की, जिसकी पहचान तत्काल बबलू मंडल (46 वर्ष), निवासी पालपारा सुभाषनगर के रूप में हुई। मृतक के पुत्र और परिजनों ने मौके पर ही शिनाख्त की थी। शव के निरीक्षण और शार्ट पीएम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि बबलू के पेट में धारदार हथियार से हमला किया गया था और गले पर भी चोट के निशान थे। पुलिस ने धारा 103 (1) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर आरोपियों की तलाश शुरू की।
पुलिस विवेचना और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर तीन संदेही—सुमित एक्का (20 वर्ष), प्रमोद तिवारी उर्फ टक्कू (22 वर्ष) और सुस्मिता हरिला उर्फ सोनिया (22 वर्ष) को हिरासत में लिया गया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि घटना की रात सुमित और सोनिया का किसी बात को लेकर मकान मालिक से बहस हो रही थी। इसी दौरान बबलू मंडल वहां पहुंचा और सुमित व सोनिया को गाली-गलौज करते हुए धमकी देने लगा।
जब सुमित और सोनिया वहां से जाने लगे, तो बबलू उनका पीछा करते हुए डेयरी फार्म रोड तक आ गया। वहां फिर से विवाद बढ़ने पर सोनिया ने अपने साथी प्रमोद उर्फ टक्कू को फोन कर मौके पर बुला लिया। इसके बाद तीनों ने मिलकर बबलू के साथ मारपीट शुरू कर दी। इसी बीच आवेश में आकर सुमित ने अपने पास रखे चाकू से बबलू के पेट में प्राणघातक वार कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे और हत्या में प्रयुक्त चाकू को प्रिंसेस कॉटेज के पास कचरे के ढेर में फेंक दिया था। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त चाकू और 3 नग मोबाइल बरामद कर लिए हैं। उल्लेखनीय है कि आरोपी महिला सोनिया का पति भी पूर्व में एनडीपीएस एक्ट के तहत जेल जा चुका है। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
कत्ल की गुत्थी सुलझाने में गांधीनगर थाना प्रभारी निरीक्षक प्रवीण कुमार द्विवेदी, साइबर सेल प्रभारी अजीत मिश्रा, एएसआई धनंजय पाठक, प्रधान आरक्षक अमित प्रताप सिंह, विकास सिन्हा, भोजराज पासवान और उनकी पूरी टीम ने सराहनीय भूमिका निभाई।


