पशु क्रेडिट कार्ड ऋण मे करोड़ों की गड़बड़ी मामले में एफआईआर हुआ दर्ज। समिति प्रबंधक, सहकारी बैंक प्रबंधक व समिति के एक अन्य कर्मचारी पर धारा 409 ,420, 34 के तहत मामला दर्ज।

राकेश पाठक (हिन्द शिखर न्यूज़)
सूरजपुर। जिले के शिवप्रासादनगर सहकारी समिति में हुये पशु ऋण गड़बड़ी मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गयी है। इस गड़बड़ी के जिम्मेदार समिति प्रबंधक साधना कुशवाहा , जिला सहकारी बैंक के तत्कालिक प्रबंधक अजित सिंह व समिति के एक अन्य कर्मचारी मन्नू पर भादवि की धारा 34 ,409 व 420 के तहत झिलमिली थाना में मामला पंजीबद्ध किया गया है। दरअसल मामला पशु किसान क्रेडिट कार्ड से जुड़ा हुआ है जिसके तहत दुधारू पशु धारक किसान को पशुओं को चारा खिलाने के लिये केसीसी ऋण प्रदान करना था ,परंतु समिति प्रबंधक व शाखा प्रबंधक ने सांठ-गाँठ करते हुए नियम विरुद्ध ऐसे किसानों को ऋण प्रदाय कर दिया जिसके पास एक भी दुधारू पशु नही थे वहीं जो किसान इस योजना की पात्रता रखते थे उन्हें इसका लाभ नही मिल सका जिससे नाराज किसानों ने इसकी शिकायत कलेक्टर जनदर्शन में की थी । शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने तत्काल चार सदस्यीय जांच टीम गठित की ,जांच टीम में सामिल उप पंजीयक सहकारी संस्था के श्री गौरी शकंर शर्मा , एसडीएम श्री सागर सिंह , लीड बैंक मनीजर इबू इपेन व सहकारी बैंक के नोडल गिरजाशंकर साहू ने मौके में जाकर इस मामले से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर विधिवत जांच करते हुये जांच रिपोर्ट कलेक्टर को सौंप दी। कलेक्टर को सौंपे जांच रिपोर्ट में पशु ऋण के नाम पर करोड़ों रुपये गड़बड़ी करने का मामला सामने आया जिस पर कलेक्टर ने तत्काल एफआईआर दर्ज करने सहित अन्य कार्यवाही के लिए सहकारी बैंक प्रबंधन को निर्देशित किया था ।
पात्रता से अधिक ऋण हुआ वितरण ::—–
इस मामले में रिपोर्टकर्ता सहकारी बैंक के नोडल रामचंद्र ठाकुर ने जांच प्रतिवेदन के अनुसार झिलमिली थाने में लिखित शिकायत प्रस्तुत करते हुए बताया है कि बैंकिंग नियम उलंघन करते हुए निर्धारित ऋणमान के विपरीत दोषियों ने 71 किसानों को 1,88, 59000 (एक करोड़ अठ्ठासी लाख उनसठ हजार रुपये) का ऋण स्वीकृत करा दिया है जिससे समिति व बैंक को गंभीर आर्थिक क्षति पहुंची है जिसे लेकर बैंक के नोडल एफआईआर दर्ज करने की मांग किये थे ।





