लखनपुर

कई दशकों से ग्रामीण ढोढ़ी का दूषित पानी पीने मजबूर , पानी की समस्या दूर नहीं हुई तो करेंगे चक्का जाम

लखनपुर । छत्तीसगढ़ सरकार इन दिनों ग्रामीण क्षेत्रों में शिविर का आयोजन कर लोगों की समस्याओं को दूर करने की कोशिश की जा रही है ।तो वहीं दूसरी ओर विधायक हो या मंत्री टेबल में रखे पैक बोतल पानी पीने से गुरेज भी नही करते है..जिस गांव में शिविर लगाकर लोगों की समस्याएं सुन रहे हैं..उस गांव में कई दशकों तक शुद्ध पेयजल उपलब्ध नहीं हो सका है..यही वजह है कि ग्रामीण आज भी ढोढ़ी का दूषित पानी पीने को मजबूर हैं।

यह मामला सरगुजा जिले के उदयपुर विकासखंड के ग्राम चैनपुर का है। आजादी के 75 वर्ष बीत जाने के बाद भी यहाँ के ग्रामीण खेतो के बीच बने ढोडी का पानी पीने को मजबूर हैं। ग्राम चैनपुर के टिकरापारा मे 40 से45 ग्रामीण परिवार निवासरत है। ग्रामीण जान जोखिम में डालकर खेत के बीच में बने ढोढ़ी में पानी लेने जाते है। और उस पानी को कपड़े में छानकर पीने के उपयोग में लाया जाता है। जिससे ग्रामीणों को कई प्रकार की बीमारियों का भी खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने कई बार सरपंच सचिव शासन प्रशासन से गुहार लगाई लेकिन इनकी कोई समस्या दूर नहीं किया सका है। पानी की समस्या को देखते हुए विगत माह पूर्व जिला पंचायत सदस्य राधा रवी, पीएचई विभाग के एसडीओ एके सिंह, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व अनिकेत साहू, तहसीलदार सुभाष शुक्ला के साथ ग्राम चैनपुर टिकरापारा पहुंची जहां उनको ग्रामीणों को पानी के लिए हो रही समस्याओं से अवगत कराया जिस पर उन्होंने समस्या के समाधान का आश्वासन दिया था। प्रशासनिक अधिकारियों के मौका निरीक्षण करने के कई माह बीत जाने के बाद भी पानी की समस्या ज्यों की त्यों बनी हुई है।

“”””जिला पंचायत सदस्य राधा रवी”””

जिला पंचायत सदस्य क्षेत्र क्रमांक 6 राधा रवि से फोन पर चर्चा करने पर उनके द्वारा कहा गया कि ग्राम चैनपुर टिकरापारा में पेयजल की समस्या बनी हुई है। वहां के ग्रामीण कई दशकों से ढोढी का दूषित पानी पीने को मजबूर हैं। मेरे द्वारा 1 वर्ष पूर्व चैनपुर टिकरापारा में पानी की व्यवस्था कराए जाने को लेकर पीएचई विभाग के अधिकारियों को ज्ञापन दिया गया था जिस पर उन्होंने 15 दिनों के भीतर समस्या का समाधान करने आश्वासन दिया था परंतु लंबा समय बीत जाने के बाद भी पीएचई विभाग द्वारा इस ओर ध्यान नहीं दिया गया 10 दिनों के भीतर अगर ग्रामीणों को पेयजल उपलब्ध रही कराई जाती है तो चक्का जाम कर धरना प्रदर्शन किया जाएगा।

“””””ग्रामीण महिला राजेश्वरी जांगड़े ,हंस कुमारी””””

ग्राम चैनपुर टिकरापारा निवासी ग्रामीण महिला राजेश्वरी जांगड़े और हंस कुमारी के द्वारा जानकारी देते हुए बताया गया कि कई पीढ़ी से यहां के ग्रामीण ढोढ़ी का दूषित पानी पी रहे हैं। गर्मी के दिनों में ढोढ़ी का पानी सूख जाने पर नीचे उतर कर कटोरी के माध्यम से कपड़े से छानकर पानी बड़े बर्तनों में भरा जाता है। साथ ही बरसात के दिनों में खेतों में पानी भर जाने से कीचड़ हो जाता है और गंदा पानी ढोढ़ी में जाने से दूषित हो जाता है ढोढ़ी के दूषित पानी को कपड़े से छानकर पीने के उपयोग में लाया जा रहा है। पानी की समस्या को लेकर सरपंच सचिव जनप्रतिनिधियों सहित शासन प्रशासन से पानी व्यवस्था कराए जाने की मांग की गई थी परंतु आज तक यह समस्या दूर नहीं हो सकी है और हम ग्रामीणों को दूषित पानी पीना पड़ रहा है।

“””””हैंडपंपों से निकलता लाल फ्लोराइड युक्त पानी”””

ग्राम चैनपुर टिकरापारा में 45 घरों के बीच 3 हैंडपंप है। एक हैंडपंप ड्राइ होने से पानी नहीं निकलता तो वहीं 2 हैंडपंपों से लाल फ्लोराइड युक्त पानी निकलता है ।जो पीने योग्य नहीं है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button