अंबिकापुर-प्रतापपुर मार्ग मे घंघरी के पास गन की नोक पर लूटपाट, उत्तर प्रदेश के दो आरोपी गिरफ्तार

अंबिकापुर ।सरगुजा पुलिस ने प्रतापपुर मार्ग पर स्थित ग्राम घंघरी के पास एक ऑटो चालक से गन की नोक पर हुई डकैती के मामले में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस की संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए वारदात के महज चौबीस घंटे के भीतर उत्तर प्रदेश के रहने वाले दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
घटना के संबंध में प्राप्त विवरण के अनुसार प्रार्थी धर्मेंद्र यादव निवासी कल्याणपुर जिला सूरजपुर गत 12 मई की रात करीब 12 बजे कोलडीहा में आयोजित एक शादी समारोह से अपना ऑटो लेकर घर वापस लौट रहा था। इसी दौरान रात करीब 12 बजकर 40 मिनट पर जब वह ग्राम घंधरी गेरवानी नाला के समीप पहुंचा तो पीछे से छह पल्सर मोटरसाइकिल पर सवार होकर आए करीब 10 से 12 युवकों ने उसका रास्ता रोक लिया। इन युवकों ने ऑटो के सामने अपनी गाड़ियां खड़ी कर दीं और धर्मेंद्र को जान से मारने की धमकी देते हुए उस पर गन तान दी। लुटेरों ने पीड़ित से उसका मोबाइल फोन लूट लिया और तत्काल सकालो की दिशा में फरार हो गए।
इस सनसनीखेज वारदात की रिपोर्ट प्रार्थी द्वारा 13 मई को गांधीनगर थाने में दर्ज कराई गई थी। मामले की गंभीरता और सार्वजनिक सुरक्षा को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में साइबर सेल अंबिकापुर और गांधीनगर पुलिस की एक संयुक्त टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने विवेचना के दौरान घटनास्थल के आसपास के लोगों से पूछताछ की और प्रतापपुर से अंबिकापुर मार्ग पर लगे विभिन्न सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। तकनीकी जांच और फुटेज के सूक्ष्म अवलोकन के दौरान पुलिस को कुछ संदिग्ध युवक मोटरसाइकिल पर भागते हुए दिखाई दिए जिनकी पहचान वैभव मिश्रा और लवकुश कुमार के रूप में हुई।
पहचान सुनिश्चित होने के बाद पुलिस टीम ने आरोपियों के संभावित ठिकानों पर दबिश दी और राजा गैस गोदाम के पास से वैभव मिश्रा पिता ज्ञान प्रकाश मिश्रा उम्र 20 वर्ष तथा लवकुश कुमार पिता बंसीराम उम्र 24 वर्ष को हिरासत में ले लिया। पुलिस द्वारा की गई कड़ी पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। जानकारी के अनुसार दोनों आरोपी मूल रूप से उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले के निवासी हैं जो वर्तमान में अंबिकापुर में रह रहे थे। पुलिस ने इनके खिलाफ अपराध क्रमांक 274/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं और आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की है।
इस पूरी कार्यवाही में निरीक्षक राजेश खलखो, गांधीनगर थाना प्रभारी प्रवीण द्विवेदी, साइबर सेल प्रभारी और उनकी टीम के सहायक उप निरीक्षक अजीत कुमार मिश्रा, प्रधान आरक्षक भोजराज पासवान, विकास सिन्हा, जयदीप सिंह सहित आरक्षक मनीष सिंह, रमेश रजवाड़े, विकास मिश्रा, रमन मंडल, राहुल सिंह और उमाशंकर साहू की महत्वपूर्ण एवं सक्रिय भूमिका रही। पुलिस प्रशासन ने बताया कि मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश भी सरगर्मी से की जा रही है।


