पत्नी और बेटे ने मिलकर की हत्या, सुसाइड दिखाने के लिए फांसी पर लटकाया शव

बैकुंठपुर । जिला पुलिस ने ग्राम कटकोना में हुई बसंत लाल की संदिग्ध मौत के मामले में एक चौंकाने वाला खुलासा किया है। जिस मामले को शुरुआत में आत्महत्या माना जा रहा था, वह वास्तव में एक सोची-समझी हत्या निकली। पुलिस ने इस मामले में मृतक की पत्नी शालू और पुत्र विजेंद्र को गिरफ्तार किया है, जिन्होंने हत्या के बाद साक्ष्य छिपाने के लिए शव को फांसी पर लटका दिया था।
पुलिस जांच में यह बात सामने आई कि मृतक बसंत लाल शराब का आदी था और घर के खर्च में सहयोग नहीं करता था, जिससे परिवार में अक्सर विवाद होता था। इसी प्रताड़ना से तंग आकर पत्नी और बेटे ने मिलकर उसे रास्ते से हटाने की साजिश रची।
घटना वाले दिन मां-बेटे ने मिलकर बसंत लाल पर लकड़ी से घातक प्रहार किए। गले और शरीर पर गंभीर चोटें आने के कारण उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पकड़े जाने के डर से, आरोपियों ने शातिर दिमाग का इस्तेमाल किया और मृतक के शव को फांसी के फंदे पर लटका दिया, ताकि देखने वालों को यह महज एक आत्महत्या का मामला लगे।
पुलिस अधीक्षक रवि कुर्रे और एएसपी डॉ. सुरेशा चौबे के निर्देशन में थाना प्रभारी प्रमोद पांडे व उनकी टीम ने मामले की सूक्ष्मता से जांच की। प्रारंभिक जांच और साक्ष्यों के संकलन के बाद पुलिस को शालू और विजेंद्र पर संदेह हुआ। कड़ाई से पूछताछ करने पर दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
न्थाना पटना पुलिस ने अपराध क्रमांक 85/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103 (हत्या) और 238 (साक्ष्य मिटाना) के तहत कार्यवाही करते हुए दोनों आरोपियों को 23 मार्च 2026 को गिरफ्तार कर लिया। माननीय न्यायालय के आदेश पर उन्हें जेल भेज दिया गया है।





