छात्रों को प्रेरित करेंगी भारतीय वीरों की गाथाएं: NCERT ने पाठ्यक्रम में शामिल किए नए अध्याय

हिन्द शिखर न्यूज : राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) ने इस शैक्षणिक वर्ष से अपने पाठ्यक्रम में भारत के तीन महान सैन्य नायकों – फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ, ब्रिगेडियर मोहम्मद उस्मान और मेजर सोमनाथ शर्मा के जीवन और बलिदान पर आधारित अध्यायों को शामिल किया है। यह पहल रक्षा मंत्रालय, शिक्षा मंत्रालय और NCERT के संयुक्त सहयोग से की गई है, जिसका उद्देश्य छात्रों को साहस, कर्तव्यनिष्ठा और देशभक्ति की प्रेरणादायक कहानियों से जोड़ना है।
राष्ट्रीय युद्ध स्मारक से जुड़ाव
इस पहल का एक प्रमुख उद्देश्य राष्ट्रीय युद्ध स्मारक (National War Memorial – NWM) को एक प्रमुख राष्ट्रीय धरोहर के रूप में स्थापित करना है। इसके तहत, एनडब्ल्यूएम और उससे संबंधित संदर्भों को स्कूली पाठ्यक्रम में जगह दी गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 फरवरी 2019 को दिल्ली में इंडिया गेट के पास स्थित इस स्मारक को राष्ट्र को समर्पित किया था। यह स्मारक देश के वीर शहीदों को श्रद्धांजलि देने के साथ-साथ नागरिकों में देशभक्ति, नैतिक मूल्यों और राष्ट्रीय एकता की भावना को बढ़ावा देता है।
किन कक्षाओं में पढ़ाए जाएंगे ये अध्याय?
इन वीर सैनिकों की प्रेरक कहानियों को विभिन्न कक्षाओं के पाठ्यक्रम में शामिल किया गया है:
कक्षा 8 (उर्दू): भारत के पहले फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ की रणनीतिक सूझबूझ और नेतृत्व क्षमता पर आधारित अध्याय।
कक्षा 8 (अंग्रेजी): मरणोपरांत महावीर चक्र से सम्मानित ब्रिगेडियर मोहम्मद उस्मान के अदम्य साहस और बलिदान की कहानी।
कक्षा 7 (उर्दू): भारत के पहले परमवीर चक्र विजेता मेजर सोमनाथ शर्मा के सर्वोच्च बलिदान पर आधारित अध्याय।
इन अध्यायों के माध्यम से छात्रों को न केवल भारत के सैन्य इतिहास की जानकारी मिलेगी, बल्कि वे धैर्य, सहानुभूति, भावनात्मक बुद्धिमत्ता और राष्ट्रनिर्माण में योगदान जैसे महत्वपूर्ण जीवन मूल्यों को भी आत्मसात कर सकेंगे। इन नायकों की कहानियाँ उन्हें यह सिखाएंगी कि देश के प्रति प्रेम और कर्तव्यनिष्ठा ही सर्वोच्च मानवीय मूल्य हैं। यह पहल भविष्य की पीढ़ी को देश की सेवा के लिए प्रेरित करने में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।





