टिकट बुकिंग के नियमों में बड़ा बदलाव, बिना आधार लिंक वाले IRCTC यूजर्स पर लगी पाबंदी

भारतीय रेलवे ने रेल यात्रा को सुगम बनाने और टिकटों की कालाबाजारी पर लगाम लगाने के उद्देश्य से रिजर्वेशन के नियमों में एक और बदलाव कर दिया है। 12 जनवरी से लागू हुए नए नियम के अनुसार, अब एडवांस टिकट बुकिंग के पहले दिन (ओपनिंग डे) उन IRCTC यूजर्स को टिकट बुक करने की अनुमति नहीं दी जाएगी, जिनका अकाउंट आधार कार्ड से लिंक नहीं है। रेलवे द्वारा शुरू किए गए इस तीसरे फेज के तहत, बिना आधार वेरिफिकेशन वाले यूजर्स एडवांस बुकिंग शुरू होने वाले दिन सुबह 8 बजे से लेकर रात 12 बजे तक लॉग-इन या बुकिंग नहीं कर पाएंगे। वे केवल रात 12 बजे के बाद ही बची हुई सीटों के लिए प्रयास कर सकेंगे।
इस नियम का सीधा असर उन यात्रियों पर पड़ेगा जो यात्रा से 60 दिन पहले अपनी सीट कन्फर्म करना चाहते हैं। रेलवे का मानना है कि इस कदम से फर्जी सॉफ्टवेयर और टिकट दलालों के नेटवर्क को ध्वस्त किया जा सकेगा, क्योंकि आधार लिंक होने से हर ट्रांजेक्शन की प्रामाणिकता OTP के जरिए सुनिश्चित होगी। इससे उन आम यात्रियों को राहत मिलेगी जिन्हें बुकिंग खुलते ही ‘वेटिंग’ का सामना करना पड़ता था। अब आधार लिंक अकाउंट वाले वास्तविक यात्री ही पहले दिन की बुकिंग विंडो का लाभ उठा पाएंगे, जिससे कन्फर्म टिकट मिलने की संभावना काफी बढ़ जाएगी।
रेलवे ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह पाबंदी केवल ऑनलाइन यूजर्स तक सीमित नहीं है। यदि कोई यात्री रेलवे स्टेशन के काउंटर से भी टिकट बुक कराता है, तो वहां भी अब मोबाइल नंबर पर आने वाला OTP अनिवार्य कर दिया गया है। इसके लिए यात्री का मोबाइल नंबर आधार से जुड़ा होना आवश्यक है। ज्ञात हो कि रेलवे ने हाल ही में एडवांस रिजर्वेशन की अवधि को 120 दिन से घटाकर 60 दिन कर दिया था, और अब आधार की अनिवार्यता जोड़कर सुरक्षा की एक और परत तैयार कर दी है। जिन यूजर्स ने अभी तक अपना आधार लिंक नहीं किया है, वे IRCTC की वेबसाइट पर ‘My Profile’ में जाकर ‘Aadhaar KYC’ के जरिए इस प्रक्रिया को तुरंत पूरा कर सकते हैं।





