अवैध धान संग्रहण पर प्रशासन का शिकंजा: महामाया, भगवती और श्री श्याम ट्रेडिंग से 486 क्विंटल धान जप्त

अंबिकापुर । सरगुजा जिले के नए कलेक्टर अजीत वसंत के कड़े रुख के बाद जिला प्रशासन ने अवैध धान संग्रहण और कालाबाजारी के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। धान खरीदी की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने और बिचौलियों पर लगाम कसने के उद्देश्य से आज राजस्व, खाद्य और मंडी विभाग की संयुक्त टीम ने अंबिकापुर शहर के विभिन्न व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर औचक छापेमारी की। इस कार्रवाई के दौरान तीन प्रमुख ट्रेडिंग फर्मों से कुल 486 क्विंटल अवैध धान जप्त किया गया है।
प्रशासनिक टीम ने शहर के महामाया ट्रेडिंग, भगवती ट्रेडिंग और श्री श्याम ट्रेडिंग के परिसरों का बारीकी से निरीक्षण किया। जांच के दौरान इन तीनों दुकानों के गोदामों में भारी मात्रा में धान का स्टॉक पाया गया। जब टीम ने संचालकों से इस भंडारण से संबंधित लाइसेंस, स्टॉक रजिस्टर या खरीदी के वैध दस्तावेज मांगे, तो वे कोई भी संतोषजनक प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सके। दस्तावेजों के अभाव में इस पूरे स्टॉक को अवैध मानते हुए मौके पर ही जप्त कर लिया गया।
जप्त किए गए 486 क्विंटल धान को फिलहाल सरकारी अभिरक्षा में ले लिया गया है और संबंधित व्यापारियों के खिलाफ वैधानिक प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अधिकारियों के अनुसार, इन प्रतिष्ठानों के संचालकों के विरुद्ध ‘आवश्यक वस्तु अधिनियम’ और मंडी नियमों के उल्लंघन के तहत मामला दर्ज करने की तैयारी की जा रही है। प्रशासन की इस अचानक हुई कार्रवाई से शहर के व्यापारियों में हड़कंप मच गया है।
कलेक्टर अजीत वसंत ने इस मामले में सख्त निर्देश देते हुए कहा है कि जिले में धान का अवैध संग्रहण, परिवहन या किसी भी प्रकार की जमाखोरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसानों के हक को सुरक्षित रखने के लिए ऐसी संयुक्त टीमें लगातार जिले भर में निरीक्षण करती रहेंगी। इसके साथ ही उन्होंने व्यापारियों को चेतावनी दी है कि वे केवल वैध दस्तावेजों के आधार पर ही धान का क्रय-विक्रय करें, अन्यथा उन्हें कठोर कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।





