पुलिस अधिकारी सहित 8 गिरफ्तार: ‘टोनही’ बताकर महिला से मारपीट, ‘जिंदा करने का दावा’ करने वाला बैगा फरार तलाश जारी

जशपुर। जिले के दुलदुला थाना क्षेत्रांतर्गत ग्राम भिंजपुर में अंधविश्वास और टोनही प्रताड़ना का गंभीर मामला सामने आया है। एक सहायक उप निरीक्षक (एएसआई) सहित आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इन पर एक महिला से मारपीट करने और उसे घसीटकर श्मशान ले जाने की कोशिश का आरोप है। घटना तब हुई जब एक फरार बैगा ने मृतिका को ‘जादू-टोना’ द्वारा मरने की बात कहकर जिंदा करने का दावा किया। पुलिस ने सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है, जबकि बैगा और उसके साथियों की तलाश जारी है।
जशपुर पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, यह घटना 08.11.2025 को हुई। प्रार्थिया फ़ौसी बाई (53 वर्ष), निवासी ग्राम भिंजपुर ने दुलदुला थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। प्रार्थिया ने बताया कि वह सुबह लगभग 4:00 बजे घर पर थी, तभी कुछ लोग उसके घर के बाहर हल्ला-गुल्ला करते हुए गंदी गालियां दे रहे थे और जान से मारने की धमकी दे रहे थे।
आरोपियों ने डर से दरवाजा न खोलने पर उसे लात मारकर तोड़ दिया और जबरन घर में प्रवेश किया। आरोपिया गायत्री भगत ने प्रार्थिया को “तुम टोनही हो, तुम मेरी मां सुनीता बाई को जादू टोना कर मरवा दी हो, तुम्हें उसे जिंदा करना पड़ेगा” कहते हुए हाथ-मुक्का से मारपीट की। इसके बाद, आरोपी फ़ूलचंद भगत, विष्णु भगत, अनिता भगत, रमेश भगत, ललिता भगत, अंजना मिंज, और तेलेस्फोर मिंज ने मिलकर प्रार्थिया फ़ौसी बाई के सिर के बाल खींचकर उसे घसीटते हुए गांव के श्मशान की ओर ले जाने की कोशिश की। प्रार्थिया के बेटे और बेटी ने आकर उसे बचाया।
एएसआई सहित 8 गिरफ्तार
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए दुलदुला पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। पुलिस की जांच में यह सामने आया कि गिरफ्तार आरोपियों में से एक फूलचंद भगत (55 वर्ष), रायपुर में सहायक उप निरीक्षक (एएसआई) के पद पर कार्यरत है।
फूलचंद भगत की पत्नी सुनीता भगत का माह अगस्त 2025 में गृह ग्राम भिंजपुर आने के बाद सितंबर 2025 में वापस रायपुर लौटने पर स्वास्थ्य खराब हो गया था और 30.10.2025 को इलाज के दौरान रायपुर में मृत्यु हो गई थी। उनकी मृत्यु के बाद उन्हें ग्राम भिंजपुर में दफन किया गया था। इसके बाद आरोपी फुलचंद भगत ने रिश्तेदारों के माध्यम से एक बैगा से संपर्क किया, जिसने मृतिका सुनीता भगत को जिंदा करने का दावा किया। फुलचंद भगत अन्य आरोपियों के साथ बैगा और उसके साथियों को लेकर भिंजपुर के श्मशान घाट गया। बैगा ने वहां तंत्र-मंत्र किया और बताया कि ग्राम भिंजपुर की प्रार्थिया फ़ौसी बाई के जादू टोना की वजह से ही सुनीता भगत की मृत्यु हुई है।
इस पर विश्वास करके, फूलचंद भगत अपने साथियों के साथ फ़ौसी बाई के घर गया और टोनही का आरोप लगाते हुए मारपीट की। पूछताछ में सभी आठों आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया।
पुलिस ने सभी आठों आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें 04 पुरुष और 04 महिलाएं शामिल हैं। सभी आरोपी ग्राम भिंजपुर, थाना दुलदुला के निवासी हैं।
आरोपियों के विरुद्ध थाना दुलदुला में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 296, 351(2), 115(2), 333, 190, 191(2) और टोनही प्रताड़ना निवारण अधिनियम की धारा 4, 5 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है।
बैगा की तलाश जारी
पुलिस ने बताया है कि मामले में मुख्य रूप से भड़काने वाला आरोपी बैगा और उसके साथी फरार हैं, जिनकी पतासाजी की जा रही है और उन्हें भी शीघ्र ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक का संदेश
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर, शशि मोहन सिंह ने इस मामले पर जोर देते हुए कहा कि जादू-टोना और किसी को ‘टोनही’ कहना न सिर्फ अंधविश्वास है, बल्कि यह एक अपराध भी है। उन्होंने आम नागरिकों और ग्रामीणों से अपील की है कि वे टोनही जैसे अंधविश्वासों से दूर रहें।
थाना प्रभारी दुलदुला निरीक्षक कृष्ण कुमार साहू, प्रधान आरक्षक मोहन बंजारे, चंपा पैंकरा, आरक्षक अकबर चौहान, बसनाथ साहनी, विनोद राम, महिला आरक्षक सपना इंदवार, व रीना केरकेट्टा की टीम ने इस गिरफ्तारी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।





