
जशपुर जिले के रहने वाले समाज सेवक जागेश्वर यादव को राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने पद्मश्री से सम्मानित किया है। गुरुवार 9 में को राष्ट्रपति भवन, दिल्ली में आयोजित पद्म पुरस्कार समारोह में पद्मश्री से सम्मानित किया गया है । इस अवसर पर राष्ट्रपति भवन में देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गृह मंत्री अमित शाह मौजूद थे.
ज्ञात हो कि श्री जागेश्वर यादव का नाम 26 जनवरी 2024 को पद्मश्री पुरस्कार के लिए चयनित हुआ था। जशपुर जिले के बिरहोर आदिवासियों के उत्थान हेतु बेहतर कार्य के लिए उन्हें यह पुरस्कार दिया गया।
जागेश्वर यादव का जन्म जशपुर जिले के भितघरा में हुआ था. बचपन से ही उन्होंने बिरहोर आदिवासियों की दुर्दशा देखी थी. घने जंगलों में रहने वाले बिरहोर आदिवासी शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से वंचित थे, जागेश्वर ने इनके जीवन को बदलने का फैसला किया. इसके लिए सबसे पहले उन्होंने आदिवासियों के बीच रहना शुरू किया. उनकी भाषा और संस्कृति को सीखा. इसके बाद उन्होंने शिक्षा की अलख जगाई और बच्चों को स्कूलों में भेजने के लिए प्रोत्साहित किया.बगीचा ब्लॉक के भितघरा गांव में पहाड़ियों व जंगल के बीच रहने वाले श्री जागेश्वर यादव 1989 से ही बिरहोर जनजाति के लिए काम कर रहे हैं। उन्होंने इसके लिए जशपुर जिले में एक आश्रम की स्थापना की है। साथ ही शिविर लगाकर निरक्षरता को खत्म करने और स्वास्थ्य व्यवस्था लोगों तक पहुंचाने के लिए कड़ी मेहनत की है। उनके प्रयासों का नतीजा था कि कोरोना के दौरान टीकाकरण की सुविधा मुहैया कराई जा सकी। इसके अलावा शिशु मृत्यु दर को कम करने में भी मदद मिली।