जिला पंचायत अध्यक्ष के निवास तक सीसी रोड निर्माण पर सियासत तेज

प्रतापपुर। सूरजपुर जिला पंचायत अध्यक्ष राजकुमारी मरावी के निजी निवास पर 200 मीटर के सीसी रोड निर्माण अभी लॉक डाउन में कर दिया गया। जिसको लेकर सियासत जारी है जहाँ भाजपा ने अध्यक्ष के ऊपर कई गंभीर आरोप लगाये है और यहाँ तक कहा कि जिला पंचायत अध्यक्ष के सारे कार्य उनके पति शिवभजन मरावी करते हैं चाहे वह कलेक्टर मीटिंग हो या क्षेत्र का दौरा सभी कार्य उनके पति हीं करते हैं । जब सरकार महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा दे रही है उन्हें हर क्षेत्र में सम्मान मिल रहा है वहीं यँहा सरकार महिलाओं का सम्मान नही कर सकती ऐसे में उन्हें महिलाओं के लिए आरक्षित पद पर बने रहने का क्या औचित्य है। जबकि कांग्रेस इस रोड को लेकर जंहा कह रही है कि यह रोड जनहित के लिए है और इस सड़क से कस्तूरबा आश्रम और अन्य दो आश्रमों के बालक बालिका आते जाते हैं जबकि ऐसा नही है उनके लिए पहले से दो सड़क एक हाईस्कूल मैदान से और एक सड़क रेस्ट हाउस के बगल से एक सड़क पहले ही मौजूद हैं और सिचाईं विभाग के निजी भूमि पर एक और सड़क बनाना समझ से परे है जबकि यह भूमि सिचाईं विभाग प्रतापपुर की है अपने निजी स्वार्थ के लिए अध्यक्ष ने यह रोड निर्माण कराया है जिसमे न तो सिचाईं विभाग के अधिकारी कुछ बोल पा रहे हैं ना नगर पंचायत अध्यक्ष. गौरतलब है कि जिला पंचायत अध्यक्ष सूरजपुर का निजी निवास प्रतापपुर के वार्ड क्रमांक 7 में है और सिंचाई विभाग के बगल में उनका निवास होता है जिसमे बिना किसी के अनुमति के 200 मीटर सीसी रोड का निर्माण सिचाईं विभाग के जमीन में कर दी गई है। जिसकी ना तो कोई जानकारी सिचाईं विभाग को है न ही नगर पंचायत को है अगर यह वैध निर्माण होता तो इसकी जानकारी विभाग और नगर पंचायत को होती । पहले से सिचाईं विभाग एक जर्जर भवन में संचालित है। सिचाईं विभाग की एक एकड़ सत्तर डिसमिल जमीन सिचाईं विभाग के लिय आवंटित है जिसमे एक एकड़ चालीस डिसमिल भूमि में पहले से ही एसडीएम निवास और जज निवास है और अभी दो जजों के निवास के लिए दो मकान निर्माणधिन है जिसमे आधे से ज्यादा जमीन पहले से ही इन विभागों के लिए आवंटित हो गए हैं अगर इसी तरह इसमें अवैध सीसी रोड निर्माण हो गया तो सिचाईं विभाग के लिए अपने भवन के लिए सिर्फ तीस डिसमिल जमीन ही बचेगी जिसमे ये अवैध सीसी रोड बना दिया गया है। सिचाई विभाग को आने वाले वाले समय मे नये भवन का निर्माण करना होगा तो दूसरे जमीन पर अपना ऑफिस निर्माण करना पड़ेगा।
सूत्रों से पता चला है अध्यक्ष महोदय अपने पद का दुरुपयोग करते हुऐ प्रतापपुर जनपद के किसी ग्राम पंचायत को एजेंसी बना कर सीसी रोड़ का निर्माण किया है और अध्यक्ष पति के नाम से सीसी रोड की आधी रकम का भुगतान भी हो गया है। जिसको लेकर बड़े अधिकारी भी कार्यवाही से कतरा रहे हैं अब देखना यह होगा कि बड़े पद पर रहने वाले लोगो पर सरकार क्या कार्यवाही करती है।





